January 04, 2025

Couplets

मुद्दतों बाद आज फिर आंँखें नम हैं
शायद कोई ख़याल घर आया होगा
दिल की सूखी पड़ी मिट्टी को
यादों के अब्र ने भिगोया होगा

अब्र=clouds

रतीश
4 Jan 25
बिलासपुर 

© Ratish

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