ख़्वाबों के पर लगे
हमें उड़ाकर ले गए
धरती पे खड़े सोचते
कि वो दिन किधर गए
पीछे पड़े सराब के
अमृत रखे रखे
हाँथों मे रेत पकड़े
धरती पे खड़े खड़े
सराब = mirage
हमें उड़ाकर ले गए
धरती पे खड़े सोचते
कि वो दिन किधर गए
पीछे पड़े सराब के
अमृत रखे रखे
हाँथों मे रेत पकड़े
धरती पे खड़े खड़े
सराब = mirage
रतीश
22-Jan-25
Bilaspur
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